
Breaking Today, Digital Desk : स्वतंत्रता दिवस का राष्ट्रीय पर्व मात्र एक ऐतिहासिक दिन नहीं, बल्कि भारत की आन, बान और शान का प्रतीक है। इस दिन लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री का संबोधन हर भारतीय के लिए विशेष महत्व रखता है। पिछले एक दशक से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस परंपरा में एक नया आयाम जोड़ा है – उनकी पगड़ी। हर साल स्वतंत्रता दिवस पर उनकी पगड़ी चर्चा का विषय बनती है, जो न केवल उनके पहनावे का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होती है, बल्कि भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और अनेकता में एकता का संदेश भी देती है।
प्रधानमंत्री मोदी के हर साफे के पीछे एक कहानी छिपी होती है, जो भारत के किसी न किसी कोने की संस्कृति और कला को दर्शाती है। यह सिर्फ एक परिधान नहीं, बल्कि देश की विविधता का उत्सव है। उनके इस अंदाज ने स्वतंत्रता दिवस समारोह में एक नई और रंगीन परंपरा को जन्म दिया है।
एक दशक, अनेक रंग: प्रधानमंत्री मोदी की पगड़ियों का सफर
2025: इस 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर, प्रधानमंत्री मोदी ने केसरिया रंग की पगड़ी पहनी। उन्होंने इसे सफेद कुर्ते और चूड़ीदार के साथ भगवा रंग की जैकेट और तिरंगे स्टोल के साथ पहना।
2024: प्रधानमंत्री मोदी ने नारंगी, पीले और हरे रंगों वाली एक चटक राजस्थानी लहरिया प्रिंट वाली पगड़ी पहनी थी। इसे उन्होंने सफेद कुर्ते और नीले जैकेट के साथ पहना था।
2023: इस वर्ष उन्होंने राजस्थानी बंधनी प्रिंट की बहु-रंगीन पगड़ी का चुनाव किया, जिसमें पीले, हरे और लाल रंग के शेड्स थे। इसके साथ उन्होंने ऑफ-व्हाइट कुर्ता और काले रंग की जैकेट पहनी थी।
2022: इस साल प्रधानमंत्री की पगड़ी में तिरंगे के रंग झलक रहे थे। सफेद रंग की पगड़ी पर केसरिया और हरे रंग की धारियां थीं, जो ‘हर घर तिरंगा’ अभियान को समर्पित थीं।
2021: 75वें स्वतंत्रता दिवस पर उन्होंने केसरिया रंग की पगड़ी पहनी थी, जिस पर लाल पैटर्न था और पीछे एक लंबा गुलाबी कपड़ा लटक रहा था।
2020: कोरोना महामारी के दौर में प्रधानमंत्री ने केसरिया और क्रीम रंग की पगड़ी को चुना, जिसके साथ उन्होंने नारंगी और सफेद रंग का गमछा भी पहना था।
2019: इस साल उनकी पगड़ी बहुरंगी थी जिसमें नारंगी और हरे रंग की प्रमुखता थी, जिसे उन्होंने सादे सफेद हाफ-आस्तीन कुर्ते के साथ पहना था।
2018: उन्होंने लाल और केसरिया रंग की पगड़ी को चुना था, जो उनके सफेद कुर्ते पर खूब खिल रही थी।
2017: इस मौके पर प्रधानमंत्री ने पीले, नारंगी और लाल रंग की पगड़ी पहनी थी।
2016: उन्होंने गुलाबी, पीले और नारंगी रंग का टाई-एंड-डाई साफा चुना था।
2015: प्रधानमंत्री मोदी की सरसों के रंग की पगड़ी में लाल, हरे और गुलाबी रंग की धारियां थीं।
2014: अपने पहले स्वतंत्रता दिवस संबोधन के लिए, प्रधानमंत्री ने चमकीले लाल रंग का जोधपुरी बंधेज साफा चुना था, जिसमें हरे रंग की लंबी धारी थी।
प्रधानमंत्री मोदी की पगड़ियां सिर्फ एक फैशन स्टेटमेंट नहीं हैं, बल्कि यह “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” की भावना का जीवंत प्रदर्शन हैं। यह दर्शाता है कि कैसे एक धागा पूरे देश को एकता के सूत्र में पिरो सकता है। हर साल, देशवासी न केवल उनके भाषण का, बल्कि उनकी पगड़ी का भी बेसब्री से इंतजार करते हैं, जो अब स्वतंत्रता दिवस समारोह का एक अभिन्न अंग बन चुकी है।




