
Breaking Today, Digital Desk : हाल ही में खबर आई कि यूक्रेन से सटे NATO सदस्य देश रूमानिया में एक ड्रोन गिरा है। इस घटना ने सबको चौंका दिया, खासकर तब जब यूक्रेन ने दावा किया कि यह एक रूसी ड्रोन था। लेकिन रूस ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।
रूसी विदेश मंत्रालय ने इस पूरे मामले को ‘जानबूझकर की गई उकसावे वाली कार्रवाई’ बताया है, और इसका आरोप सीधे यूक्रेन पर लगाया है। रूस का कहना है कि रूमानिया में ड्रोन गिरने की बात सच नहीं है, और यह सिर्फ ध्यान भटकाने और तनाव बढ़ाने की कोशिश है।
दरअसल, कुछ दिनों पहले यूक्रेन ने बताया था कि रूस ने उसके इज़माइल बंदरगाह पर हमला किया था, जो रूमानिया की सीमा के काफी करीब है। यूक्रेन के विदेश मंत्रालय ने तो यहाँ तक कह दिया था कि रूसी ड्रोन रूमानियाई इलाके में गिरे और फट भी गए।
लेकिन रूमानिया के रक्षा मंत्रालय ने पहले इन दावों को खारिज कर दिया था। उनका कहना था कि उन्हें ऐसी किसी घटना की जानकारी नहीं है। हालाँकि, बाद में रूमानिया के राष्ट्रपति ने कहा कि इस बात की जाँच की जा रही है कि कोई रूसी ड्रोन उनके इलाके में गिरा है या नहीं।
यह मामला तब और गरमा गया जब रूमानिया के रक्षा मंत्री ने भी कहा कि उन्हें रूमानियाई इलाके में किसी ड्रोन के गिरने या फटने के सबूत नहीं मिले हैं।
अब सवाल यह है कि सच क्या है? क्या वाकई कोई ड्रोन रूमानिया में गिरा था? अगर हाँ, तो किसका? रूस इसे यूक्रेन की चाल बता रहा है, जबकि यूक्रेन रूस पर आरोप लगा रहा है। इस घटना ने एक बार फिर ब्लैक सी (काला सागर) क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है और NATO देशों की चिंताएँ भी बढ़ा दी हैं।




