
Breaking Today, Digital Desk : राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की संसदीय दल की बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन का परिचय कराते हुए अपनी पुरानी दोस्ती के दिनों को याद किया। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा, “हम दोनों पुराने मित्र हैं, तब से दोस्त हैं, जब हम दोनों के बाल काले थे।” इस एक वाक्य ने दोनों नेताओं के बीच के गहरे और लंबे संबंध को उजागर कर दिया।
प्रधानमंत्री मोदी ने राधाकृष्णन को एक जमीनी और सहज नेता बताया, जिनका राजनीतिक जीवन बेदाग और विवादों से दूर रहा है। उन्होंने कहा कि राधाकृष्णन ओबीसी समाज से आते हैं और उन्होंने हमेशा खुद को संगठन के प्रति समर्पित रखा है। पीएम मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि राधाकृष्णन राजनीति में “खेल” नहीं करते, बल्कि एक सरल और सीधे व्यक्ति हैं।
इस बैठक में प्रधानमंत्री ने सभी दलों से अपील की कि सीपी राधाकृष्णन को सर्वसम्मति से उपराष्ट्रपति चुना जाए। उन्होंने कहा कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इस संबंध में सभी दलों के नेताओं के साथ बातचीत कर रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने विश्वास जताया कि राधाकृष्णन का लंबा सार्वजनिक सेवा का अनुभव और विभिन्न क्षेत्रों में उनकी विशेषज्ञता देश के लिए बहुत फायदेमंद होगी।
राधाकृष्णन, जो वर्तमान में महाराष्ट्र के राज्यपाल हैं, को एनडीए का उम्मीदवार बनाए जाने को दक्षिण भारत में, विशेषकर तमिलनाडु में, एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है। वह उन नेताओं में से हैं, जिन्होंने भारतीय जनता पार्टी की विचारधारा को जमीनी स्तर पर मजबूती दी है और अटल बिहारी वाजपेयी तथा लालकृष्ण आडवाणी जैसे वरिष्ठ नेताओं के साथ काम किया है।
एनडीए के सांसदों ने बैठक में सीपी राधाकृष्णन का गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें बधाई दी। राधाकृष्णन के उपराष्ट्रपति चुनाव में जीत लगभग तय मानी जा रही है, क्योंकि एनडीए के पास आवश्यक बहुमत है।






