
Breaking Today, Digital Desk : शाहरुख खान के प्रशंसकों के लिए यह गर्व और थोड़ी हैरानी का क्षण है, क्योंकि उनकी फिल्म ‘जवान’ को राष्ट्रीय पुरस्कार मिलने की खबरें चर्चा में हैं. जहां कई प्रशंसक इस खबर से बेहद खुश हैं, वहीं कुछ इसे एक सम्मान मान रहे हैं जो बहुत पहले ही मिल जाना चाहिए था. उनका मानना है कि शाहरुख को यह प्रतिष्ठित सम्मान करीब 20 साल पहले ही मिल जाना चाहिए था.
सोशल मीडिया पर इस विषय को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं. एक तरफ जहां प्रशंसक ‘जवान’ को एक बेहतरीन फिल्म बताते हुए इसके राष्ट्रीय पुरस्कार की दावेदारी का समर्थन कर रहे हैं, वहीं कुछ लोगों का मानना है कि शाहरुख खान को उनकी पिछली बेहतरीन फिल्मों के लिए यह सम्मान दिया जाना चाहिए था. ‘स्वदेस’, ‘चक दे! इंडिया’ और ‘माई नेम इज खान’ जैसी फिल्मों का जिक्र करते हुए प्रशंसकों ने कहा कि इन फिल्मों में शाहरुख का अभिनय राष्ट्रीय पुरस्कार का हकदार था.
कुछ प्रशंसकों ने तो यहां तक कहा कि शाहरुख खान के कद को देखते हुए अब राष्ट्रीय पुरस्कार मिलना उनके लिए कोई बड़ी बात नहीं है. एक यूजर ने लिखा, “यह पुरस्कार अब उनके लिए मायने नहीं रखता.” वहीं, एक अन्य ने टिप्पणी की, “अगर उन्हें यह पुरस्कार ‘चक दे! इंडिया’ या ‘स्वदेस’ के लिए मिलता तो ज्यादा खुशी होती.” इस बहस के बीच, यह स्पष्ट है कि शाहरुख खान के प्रशंसक उन्हें भारतीय सिनेमा के सबसे बड़े पुरस्कारों में से एक से सम्मानित देखना चाहते हैं, भले ही इस बात पर मतभेद हो कि यह किस फिल्म के लिए होना चाहिए.






