
Breaking Today, Digital Desk : क्रिकेट की दुनिया में कुछ कहानियाँ मैदान पर खेले गए शॉट या लिए गए विकेट से कहीं ज़्यादा दिलचस्प होती हैं. ये कहानियाँ होती हैं जुनून, जज़्बे और टक्कर की. ऐसी ही एक कहानी के हीरो हैं ऑस्ट्रेलिया के 19 साल के युवा बल्लेबाज़ सैम कॉन्स्टास, जिनके करियर की शुरुआत ही भारतीय क्रिकेट के दो सबसे बड़े सितारों – विराट कोहली और जसप्रीत बुमराह – से टक्कर के साथ हुई.
आज की तारीख है 7 अगस्त 2025, और क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने भारत ‘ए’ के खिलाफ होने वाली सीरीज़ के लिए अपनी टीम का ऐलान कर दिया है. इस लिस्ट में एक नाम ऐसा है, जो भारतीय फैंस के ज़हन में ताज़ा होगा – सैम कॉन्स्टास. यह वही दिलेर युवा खिलाड़ी है, जिसने अपने डेब्यू टेस्ट में ही आक्रामक अर्धशतक जड़कर और फिर विराट कोहली से भिड़कर सुर्खियाँ बटोरी थीं.
बात पिछले साल के ऑस्ट्रेलिया दौरे की है, जब मेलबर्न के ऐतिहासिक मैदान पर कॉन्स्टास ने अपना टेस्ट डेब्यू किया. उन्होंने आते ही जसप्रीत बुमराह जैसे विश्व स्तरीय गेंदबाज़ पर एक से बढ़कर एक आक्रामक शॉट खेले, जिसने सबको हैरान कर दिया. लेकिन उनकी बल्लेबाज़ी से ज़्यादा चर्चा मैदान पर विराट कोहली के साथ हुई उनकी झड़प की हुई. एक मौके पर दोनों खिलाड़ियों के बीच कंधे से टक्कर हुई, जिसके बाद तीखी बहस भी देखने को मिली. इस घटना ने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी थी.
उस घटना के बाद कॉन्स्टास भारतीय फैंस के निशाने पर आ गए थे. अब किस्मत उन्हें एक बार फिर उसी ज़मीन पर ले आई है, जहाँ के खिलाड़ियों से उनकी पहली भिड़ंत हुई थी. उन्हें भारत ‘ए’ के खिलाफ अगले महीने लखनऊ में होने वाले दो चार दिवसीय मैचों के लिए ऑस्ट्रेलियाई ‘ए’ टीम में चुना गया है.
यह दौरा कॉन्स्टास के लिए किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं होगा. एक तरफ जहाँ उन्हें भारतीय पिचों की चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा, वहीं दूसरी ओर उन पर खुद को साबित करने का दबाव भी होगा. पिछली सीरीज़ में मिली आक्रामक शुरुआत के बाद उनका प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा था. ऐसे में यह दौरा उनके लिए ऑस्ट्रेलियाई टीम में अपनी जगह पक्की करने का एक बड़ा मौका है.
इस टीम में कॉन्स्टास के अलावा स्पिनर टॉड मर्फी भी शामिल हैं, जिन्होंने 2022-23 के भारत दौरे पर 14 विकेट लेकर अपनी छाप छोड़ी थी. क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया का यह कदम साफ़ दिखाता है कि वे भविष्य में भारत की चुनौतियों के लिए अपने युवा खिलाड़ियों को पूरी तरह से तैयार करना चाहते हैं.
अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या सैम कॉन्स्टास अपने डेब्यू की आग को एक नई पहचान दे पाते हैं या भारतीय सरज़मीं का दबाव उन पर हावी हो जाता है. एक बात तो तय है – जब वह मैदान पर उतरेंगे, तो गेंद और बल्ले के साथ-साथ पुरानी यादें और टक्कर का रोमांच भी ताज़ा हो जाएगा.






