
Breaking Today, Digital Desk : एक महिला जिसकी खुशहाल दुनिया उसके पति की नृशंस हत्या के साथ ही उजड़ गई। अभी वो इस सदमे से उबर भी नहीं पाई थी कि उसके जवान बेटे की भी मौत हो गई। इन दोनों घटनाओं ने उसे अंदर से तोड़ दिया, लेकिन उसके दिल में बदले की एक ऐसी आग जला दी, जिसने उसे एक खतरनाक रास्ते पर चलने के लिए मजबूर कर दिया।
यह कहानी है एक ऐसी औरत की, जिसने अपने पति और बेटे को खोने के बाद खुद को दर्द और गुस्से के ऐसे दलदल में पाया, जहाँ से बाहर निकलने का उसे केवल एक ही रास्ता दिखाई दिया – प्रतिशोध। जब कानून और समाज से उसका भरोसा उठ गया, तो उसने अपनी तकदीर खुद लिखने का फैसला किया।
अपने पति के हत्यारे को सलाखों के पीछे पहुँचाना उसकी जिंदगी का एकमात्र मकसद बन गया था। इसके लिए उसने एक ऐसा जाल बुना, जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी। उसने उस शख्स को अपनी जिंदगी में शामिल करने का नाटक रचा, उससे दोस्ती की, और उसके काले साम्राज्य के हर राज को जानना शुरू कर दिया। इस खतरनाक खेल में हर कदम पर मौत का साया था, लेकिन अपने सीने में जल रही बदले की आग ने उसे कभी रुकने नहीं दिया।
कई मुश्किलों का सामना करने के बाद, उसने आखिरकार हत्यारे को सलाखों के पीछे पहुँचा ही दिया। लेकिन यह उसकी मंजिल नहीं थी। जेल से बाहर आने के बाद, उसने उन तमाम लोगों को सबक सिखाने की ठानी जो उसके पति की मौत के जिम्मेदार थे और जिन्होंने कानून को अपनी कठपुतली बना रखा था। यह एक अकेली महिला की उस ताकतवर और खतरनाक दुनिया से टक्कर थी, जहाँ इंसानियत की कोई कीमत नहीं थी। उसकी यह लड़ाई आज भी उन महिलाओं के लिए एक मिसाल है जो जुल्म के आगे घुटने टेकने से इनकार कर देती हैं।






