
Breaking Today, Digital Desk : भारत और इंग्लैंड के बीच सीरीज़ का निर्णायक टेस्ट मैच ऐतिहासिक ओवल के मैदान पर खेला जाना है. इस मैदान का हालिया रिकॉर्ड बल्लेबाजों के लिए किसी खुशखबरी से कम नहीं है, क्योंकि यहां खेले गए आखिरी मुकाबले में रनों का पहाड़ देखने को मिला था. काउंटी चैंपियनशिप के उस मैच में कुल 1444 रन बने थे, जिसमें 6 शतक और एक तिहरा शतक भी शामिल था
यह आंकड़े इस मैदान की बल्लेबाज़ी के लिए अनुकूल पिच की ओर इशारा करते हैं. सरे और डरहम के बीच हुए उस मैच में सरे के सलामी बल्लेबाज़ डोम सिबली ने 305 रनों की विशाल पारी खेली थी उनके अलावा सैम करन, डैन लॉरेंस और विल जैक्स ने भी शतक जड़े थे हालांकि यह एक काउंटी मैच था, लेकिन इससे अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि ओवल की पिच पर बल्लेबाज़ों को काफी मदद मिल सकती है.
भारतीय टीम के लिए ओवल का मैदान खट्टी-मीठी यादों वाला रहा है. भारत ने यहां अब तक 14 टेस्ट मैच खेले हैं, जिनमें से 2 में जीत, 5 में हार और 7 मैच ड्रॉ रहे हैं भारत को इस मैदान पर आखिरी बार 2021 में जीत मिली थी, जो एक यादगार जीत थी
मौजूदा सीरीज़ की बात करें तो इंग्लैंड 2-1 से आगे है और भारत को सीरीज़ बराबर करने के लिए यह मैच हर हाल में जीतना होगा भारतीय कप्तान शुभमन गिल इस सीरीज़ में शानदार फॉर्म में हैं और एक ही सीरीज़ में चार शतक लगा चुके हैं. वहीं, टीम को केएल राहुल और रवींद्र जडेजा जैसे बल्लेबाजों से भी अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी, जिनका ओवल में रिकॉर्ड अच्छा रहा है.
दूसरी ओर, इंग्लैंड की टीम भी अपने घरेलू मैदान पर जीत के इरादे से उतरेगी. उनके बल्लेबाजों के लिए भी ओवल का मैदान पसंदीदा रहा है. ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या निर्णायक टेस्ट में भी रनों की वैसी ही बरसात देखने को मिलेगी, जैसी इस मैदान पर पिछले मैच में हुई थी.






