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पुश-अप्स की पॉलिटिक्स, जब नेताओं ने लगाई Gen-Z के लिए ताकत…

The politics of push-ups, when politicians put their power to Gen-Z...

Breaking Today, Digital Desk : आजकल आपने देखा होगा कि हमारे नेता सिर्फ भाषणों या रैलियों तक ही सीमित नहीं हैं। अब वो सोशल मीडिया पर कुछ ऐसा कर रहे हैं जो बिल्कुल नया है और शायद आपको थोड़ा हैरान भी कर दे। जी हाँ, हम बात कर रहे हैं पुश-अप्स की! नेताओं को पुश-अप्स करते देखना पहले कहां आम था, लेकिन अब यह एक ट्रेंड बन गया है। खासकर जब से Gen-Z यानी आज की युवा पीढ़ी सोशल मीडिया पर इतनी एक्टिव हुई है, नेताओं ने भी अपना अंदाज बदल दिया है।

दरअसल, इसके पीछे एक सीधी-सादी वजह है। आज की युवा पीढ़ी, Gen-Z, बहुत स्मार्ट है। उन्हें सिर्फ खोखले वादे या लंबे-लंबे भाषण नहीं चाहिए। उन्हें कुछ ऐसा चाहिए जो असली लगे, जिसमें सच्चाई दिखे। और ‘फिटनेस’ आजकल एक ऐसा विषय है जो हर युवा से जुड़ा है। जब कोई नेता पुश-अप्स करता है, पसीना बहाता है, तो युवाओं को लगता है कि “हाँ, ये सिर्फ बातें नहीं करते, अपनी फिटनेस का भी ध्यान रखते हैं।”

यह वीडियो या फोटो तुरंत सोशल मीडिया पर वायरल हो जाती है। युवा इसे शेयर करते हैं, इस पर मीम्स बनते हैं, और इस तरह नेता का नाम और उसकी ‘फिटनेस’ वाली छवि चारों तरफ फैल जाती है।

यह सिर्फ दिखावा नहीं है, बल्कि एक सोची-समझी रणनीति भी है। Gen-Z उन नेताओं को पसंद करती है जो सिर्फ किताबी बातें नहीं करते, बल्कि जो थोड़े अलग दिखते हैं, जिनके अंदर कुछ ‘दम’ हो। पुश-अप्स चैलेंज या ऐसे ही फिटनेस वाले वीडियो नेताओं को युवाओं के करीब लाते हैं। इससे यह संदेश जाता है कि नेता भी आम इंसान की तरह हैं, वे भी अपनी सेहत का ख्याल रखते हैं और मॉडर्न सोच रखते हैं।

एक तरह से, यह नेताओं का Gen-Z के साथ जुड़ने का नया तरीका है। वे जानते हैं कि Gen-Z न सिर्फ वोटर है बल्कि सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा एक्टिव और प्रभावशाली भी है। अगर वे Gen-Z को अपनी तरफ कर लेते हैं, तो चुनाव में इसका फायदा मिलना तय है। इसलिए, अगली बार जब आप किसी नेता को पुश-अप्स करते देखें, तो समझ जाइएगा कि ये सिर्फ एक्सरसाइज नहीं, बल्कि Gen-Z के वोट बैंक को साधने की एक खास ‘पॉलिटिकल मूव’ है!

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