
Breaking Today, Digital Desk : हाल ही में खबर आई थी कि देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) ने ट्रिब्यूनल (न्यायिक अधिकरण) के कामकाज को लेकर केंद्र सरकार पर कुछ तीखी टिप्पणियां की थीं. इन टिप्पणियों के बाद अब लगता है कि केंद्र सरकार और न्यायपालिका के बीच इस मुद्दे पर सुलह के आसार बन रहे हैं. अटॉर्नी जनरल (AG) ने इस पूरे मामले पर CJI से माफ़ी मांगी है और सरकार ने भी संकेत दिए हैं कि वह ट्रिब्यूनल में सुधार करने के लिए तैयार है.
दरअसल, CJI ने ट्रिब्यूनलों में जजों की नियुक्ति में देरी और उनके कामकाज के तरीकों पर चिंता जताई थी. उन्होंने कहा था कि सरकार इन ट्रिब्यूनलों को कमजोर कर रही है, जिसकी वजह से न्याय मिलने में देरी हो रही है. CJI ने यह भी कहा था कि सरकार उनकी बात नहीं सुन रही है और जो क़ानून बना रही है, उसमें कई कमियां हैं.
इस सब के बाद अटॉर्नी जनरल ने कोर्ट में माफ़ी मांगते हुए कहा कि सरकार इन मामलों को गंभीरता से ले रही है. उन्होंने ये भी बताया कि सरकार ट्रिब्यूनल सुधारों पर खुले मन से विचार करने को तैयार है. ये एक अच्छी खबर है, क्योंकि ट्रिब्यूनल न्याय व्यवस्था का एक ज़रूरी हिस्सा होते हैं और अगर वे ठीक से काम नहीं करेंगे, तो आम लोगों को न्याय मिलने में परेशानी होगी. उम्मीद है कि इस पहल के बाद ट्रिब्यूनलों का कामकाज और बेहतर होगा.




