
Breaking Today, Digital Desk : माँ बनना ज़िंदगी का सबसे खूबसूरत अनुभव होता है, लेकिन इस सफ़र में शरीर में कई बदलाव आते हैं। डिलीवरी के बाद कुछ महिलाओं को पेशाब रोकने में दिक्कत (असंयम) महसूस होती है, और यह काफी सामान्य है। इसके अलावा, भी कई स्वास्थ्य चिंताएं हो सकती हैं, जिनके बारे में जानना और समझना ज़रूरी है।
डिलीवरी के बाद असंयम क्यों होता है?
गर्भावस्था और बच्चे के जन्म के दौरान पेल्विक फ्लोर की मांसपेशियां (ये मांसपेशियां यूट्रस, ब्लैडर और बाउल को सहारा देती हैं) कमज़ोर हो सकती हैं या उन पर खिंचाव आ सकता है। जब आप खांसती हैं, छींकती हैं, हंसती हैं या कोई भारी चीज़ उठाती हैं, तो इन कमज़ोर मांसपेशियों की वजह से थोड़ा-सा पेशाब लीक हो सकता है। इसे स्ट्रेस यूरिनरी इनकॉन्टिनेंस (Stress Urinary Incontinence) कहते हैं। यह आमतौर पर अस्थायी होता है और समय के साथ ठीक हो जाता है।
अन्य स्वास्थ्य चिंताएं क्या हो सकती हैं?
असंयम के अलावा, डिलीवरी के बाद कुछ अन्य सामान्य चिंताएं भी हो सकती हैं, जैसे:
पेल्विक पेन: योनि या पेल्विक एरिया में दर्द या भारीपन महसूस होना।
पीठ दर्द: गर्भावस्था के दौरान और बाद में पीठ पर पड़ने वाले दबाव के कारण।
थकान: बच्चे की देखभाल और नींद पूरी न होने के कारण लगातार थकान महसूस होना।
मूड स्विंग्स: हार्मोनल बदलाव और नई जिम्मेदारियों के कारण उदासी या चिड़चिड़ापन।
कब्ज या बवासीर: प्रसव के बाद यह भी एक आम समस्या है।
क्या करें और कैसे संभालें?
घबराने की ज़रूरत नहीं है! इन समस्याओं को संभालने के लिए कुछ आसान कदम उठाए जा सकते हैं:
कीगल एक्सरसाइज़ (Kegel Exercises) करें: यह पेल्विक फ्लोर की मांसपेशियों को मज़बूत करने का सबसे अच्छा तरीका है। सही तरीके से कीगल एक्सरसाइज़ कैसे करें, यह जानने के लिए अपने डॉक्टर से बात करें या ऑनलाइन विश्वसनीय जानकारी देखें। नियमित रूप से करने से बहुत फायदा मिलता है।
पर्याप्त पानी पिएं: शरीर को हाइड्रेटेड रखना ज़रूरी है, लेकिन बहुत ज़्यादा कैफीन (चाय, कॉफ़ी) या कार्बोनेटेड ड्रिंक्स से बचें, क्योंकि ये मूत्राशय को इरिटेट कर सकते हैं।
फाइबर युक्त आहार लें: कब्ज से बचने और बाउल मूवमेंट को आसान बनाने के लिए फल, सब्ज़ियां और साबुत अनाज खाएं।
धीरे-धीरे एक्टिव रहें: अपने डॉक्टर की सलाह के बाद धीरे-धीरे हल्की-फुल्की एक्सरसाइज़ या वॉकिंग शुरू करें। यह आपकी मांसपेशियों को टोन करने और मूड को बेहतर बनाने में मदद करेगा।
साफ-सफाई का ध्यान रखें: किसी भी तरह के संक्रमण से बचने के लिए पर्सनल हाइजीन बनाए रखना बहुत ज़रूरी है।
आराम करें: जितना हो सके आराम करने की कोशिश करें, भले ही वह छोटी-छोटी झपकियां ही क्यों न हों।
बातचीत करें: अपने पार्टनर, परिवार के सदस्यों या दोस्तों से अपनी भावनाओं और समस्याओं के बारे में बात करें। ज़रूरी हो तो किसी थेरेपिस्ट से भी सलाह ले सकती हैं।
डॉक्टर से मिलें: अगर आपको असंयम की समस्या लंबे समय तक बनी रहती है, या कोई और स्वास्थ्य चिंता बहुत परेशान कर रही है, तो अपने डॉक्टर से सलाह लेना बहुत ज़रूरी है। वे सही निदान करेंगे और उचित उपचार या उपाय बताएँगे।
याद रखें, आप अकेली नहीं हैं। लाखों महिलाएं माँ बनने के बाद ऐसी समस्याओं से गुज़रती हैं। धैर्य रखें, अपने शरीर का ख्याल रखें और ज़रूरत पड़ने पर मदद मांगने में संकोच न करें।






